जौनपुर में चरम पर है रसोई गैस की कालाबाजारी
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जौनपुर, (तहलका न्यूज नेटवर्क)l ईरान- अमेरिका, इजराइल युद्ध के चलते जब मार्च- अप्रैल में एक बार रसोई गैस की किल्लत शुरू हुई थी तब सरकार ने नियम बनाकर इस क्राइसिस को नियंत्रित कर लिया, लेकिन वहीं से कालाबाजारी का जन्म हो गयाl प्रदेश के अन्य जिलों ऐसा हो या न हो लेकिन जौनपुर में रसोई गैस दोगुने दाम पर धड़ल्ले से बिक रही हैl यह काला धंधा जिला आपूर्ति कार्यालय व अधिकारी की अनभिज्ञता में नहीं बल्कि सरपरस्ती में चल रहा हैl हालांकि विभाग इससे खुद को अनभिज्ञ ही बताता हैl
जनपद के शहरों, कस्बों और गांवों तक चूल्हा मरम्मत करने वाली दुकानों पर छोटे सिलिंडर में सौ रुपये प्रति किलो गैस धड़ल्ले से भरी जा रही हैंl वैवाहिक व अन्य समारोहों में जहां रसोइये ठेका लेते हैं उन्हें ईन्धन यानी गैस समेत कांट्रैक्ट देने पर आयोजकों को सिलेंडर के इंतजाम से राहत भी मिल जाती हैl लेकिन वे प्रति सिलेंडर का बाजार मूल्य से दोगुना दाम वसूलते हैंl
इसी तरह जनपद मुख्यालय की जो बानगी दी जा रही है उसी तर्ज पर कस्बाई बाजारों में भी रसोई गैस सिलेंडर की कलाबाजारी खुलेआम देखने को मिल रही हैl शहर के सद्भावना पुल के आर- पार ओलंदगंज और चाहरसू की बाजारों में जंकफूड की दुकानों पर रसोई गैस सिलेंडर की धड़ल्ले से खपत हो रही हैl जबकि लोगों के घरों में सिलेंडर बुक करने के बाद 25 या 45 दिन में पहुँच रहे हैंl सिलेंडर खत्म होने पर तमाम लोगों को भोजन पकाने के लिए अन्य ईन्धन जैसे लकड़ी, या केरोसिन तेल, बिजली के इंडेक्सन चूल्हे आदि का इंतजाम करना पड़ रहा हैl इस कालाबाजारी से जिला प्रशासन आँखें बन्द किए हैl

